लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने देश की चुनावी प्रक्रिया की निष्पक्षता को लेकर केंद्र सरकार और मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार पर अब तक का सबसे तीखा और सीधा हमला बोला है। गोवा के मडगांव में एक जनसभा को संबोधित करते हुए राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और मुख्य चुनाव आयुक्त पर चुनावी व्यवस्था को कमजोर करने और सुनियोजित तरीके से ‘वोट चोरी’ करने का गंभीर आरोप लगाया। उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि आज देश में जो कुछ हो रहा है, वह पूरी तरह पारदर्शी हो चुका है और जनता के मन में अब किसी तरह का कोई भ्रम शेष नहीं है।
शीर्ष नेतृत्व और चुनाव आयोग पर सीधे आरोप
जनसभा को संबोधित करते हुए राहुल गांधी ने सीधे तौर पर संवैधानिक पदों पर बैठे व्यक्तियों का नाम लेते हुए कहा कि मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार वोटों की चोरी को अंजाम देते हैं, गृह मंत्री अमित शाह उसे धरातल पर लागू करते हैं और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर्दे के पीछे से इसकी पूरी योजना तैयार करते हैं।
राहुल गांधी ने अपने खिलाफ चल रहे कानूनी मुकदमों का जिक्र करते हुए केंद्र सरकार को खुली चुनौती दी। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी, अमित शाह और भाजपा के लोगों ने उन पर देश भर में 45 से अधिक मानहानि के मुकदमे दर्ज करा रखे हैं। इसके बावजूद वे हर सार्वजनिक मंच से डंके की चोट पर कहते हैं कि नरेंद्र मोदी वोटों की चोरी करते हैं, लेकिन आज तक इस सीधे आरोप पर उनके खिलाफ मानहानि का एक भी मुकदमा दर्ज नहीं किया गया है।
कोर्ट गए तो खुद कटघरे में खड़े हो जाएंगे – राहुल गांधी
मानहानि का मुकदमा दर्ज न होने के पीछे का कारण बताते हुए राहुल गांधी ने दावा किया कि सत्ता पक्ष को इस बात का गहरा डर है कि यदि उन्होंने ‘वोट चोरी’ के बयान को लेकर अदालत में कोई मामला दर्ज कराया, तो एक औपचारिक कानूनी और न्यायिक प्रक्रिया शुरू हो जाएगी। उस प्रक्रिया के तहत जब सबूत और चुनावी डेटा कोर्ट के सामने रखे जाएंगे, तो वे खुद ही कानून के शिकंजे में फंस जाएंगे।
नेता प्रतिपक्ष ने दावा किया कि कांग्रेस केवल हवा में आरोप नहीं लगा रही है, बल्कि पार्टी ने मध्य प्रदेश, हरियाणा, छत्तीसगढ़, कर्नाटक, महाराष्ट्र, पश्चिम बंगाल और असम के चुनावों में हुई कथित वोटों की हेराफेरी को ठोस सबूतों के साथ प्रमाणित किया है।
संविधान पर हमला बर्दाश्त नहीं, देर-सवेर देना होगा हिसाब, बोले राहुल
मुख्य चुनाव आयुक्त पर निशाना साधते हुए राहुल गांधी ने कहा कि दिल्ली में बैठे ज्ञानेश कुमार को रात में नींद नहीं आती है और कहीं चैन नहीं मिलता, क्योंकि वे भली-भांति जानते हैं कि देर-सवेर कांग्रेस पार्टी उनसे इन सबका हिसाब मांगेगी और न्याय सुनिश्चित करेगी।
अपने संबोधन के अंत में कार्यकर्ताओं में जोश भरते हुए राहुल गांधी ने कहा कि कांग्रेस पार्टी संविधान की संरक्षक है और इसकी रक्षा करना प्रत्येक कार्यकर्ता का पवित्र कर्तव्य है। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि वोटों की चोरी करके सत्ता पक्ष ने सीधे देश के संविधान पर हमला किया है, जिसे किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और दोषियों को भविष्य में न्याय का सामना करते हुए अपने किए की कीमत चुकानी पड़ेगी।







